नई दिल्ली। दिल्ली आबकारी नीति घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में गिरफ्तार मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की गिरफ्तारी को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है। जस्टिस संजीव खन्ना और दीपांकर दत्ता की बेंच इस मामले की सुनवाई करेगी।
सीबीआई और ईडी ने दिल्ली सरकार पर आबकारी नीति को संशोधित करते समय अनियमितता करने और लाइसेंस धारकों को अनुचित लाभ दिए जाने का आरोप लगाया है। इस नीति से सरकारी खजाने को 144.36 करोड़ रुपये का नुकसान पहुंचाने का आरोप लगा है। मामले में एलजी ने 22 जुलाई 2022 को नियमों के उल्लंघन और प्रक्रियात्मक खामियों को लेकर सीबीआई जांच किए जाने की सिफारिश की थी।
इसी मामले में जेल में हैं मनीष सिसोदिया
अरविंद केजरीवाल के अलावा आम आदमी पार्टी के नेता मनीष सिसोदिया भी आबकारी नीति मामले में पिछले साल फरवरी से जेल में हैं। मामले में संजय सिंह को भी गिरफ्तार किया गया था, हालांकि वह हाल ही में जमानत पर जेल से बाहर आये हैं।
21 मार्च को हुई थी केजरीवाल की गिरफ्तारी
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को 21 मार्च की शाम दो घंटे की पूछताछ के बाद गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद से वह हिरासत में हैं।
हाई कोर्ट से नहीं मिली थी राहत
यह याचिका दिल्ली हाई कोर्ट के 10 अप्रैल के फैसले को चुनौती देते हुए दायर की गई है, जब ईडी की गिरफ्तारी को चुनौती देने वाली उनकी याचिका खारिज कर दी गई थी।
