बिजनौर में सर्दी का डबल अटैक, शीतलहर के साथ 1.4 डिग्री सेल्सियस पहुंचा तापमान

बिजनौर में सर्दी का डबल अटैक, शीतलहर के साथ 1.4 डिग्री सेल्सियस पहुंचा तापमान
 बिजनौर। पाला जिले में रोज सितम ढ़ा रहा है। पाले की वजह से जिले का न्यूनतम तापमान शनिवार को 1.4 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। पाले के साथ ही चल रही शीतलहर के थपेड़े हाड़ तक चीर रहे हैं। पिछले एक साल में पारा पहली बार एक डिग्री के आसपास पहुंचा है। शनिवार को न्यूनतम तापमान 1.4 डिग्री सेल्सियस रहा। इससे पहले 20 दिसंबर 2020 को जिले का न्यूनतम तापमान 1.4 डिग्री सेल्सियस रहा था।

आमतौर पर ऐसा होता है कि जिले में गर्मी हो रही हो तो एक दो दिन मौसम में राहत मिल जाए या सर्दी हो रही हो तो सूरज निकलने से थोड़ा आराम मिल जाए। लेकिन इस बार सर्दियों में अलग ही नजारा देखने को मिल रहा है। दस दिन से अधिक समय से जिले में पाले का प्रकोप बना हुआ है।

दस दिन में साढ़े छह डिग्री से एक डिग्री सेल्सियस

पाला हर रोज पाले को नीचे ले जाने में लगा है। दस दिन के अंदर ही पारा साढ़े छह डिग्री से एक डिग्री सेल्सियस तक आने को तैयार है। शनिवार को भी खेतों में पाला जमा रहा। पाले के प्रकोप से न्यूनतम तापमान 1.4 डिग्री सेल्सियस रहा जो इस सर्दी का ही नहीं बल्कि बीते चार साल का सबसे ठंडा दिन रहा। पाला पिघला तो भी शीतलहर के थपेड़ों ने ठंड के प्रकोप को एक मिनट के लिए भी कम नहीं होने दिया। पाले और शीतलहर के थपेड़ों से धूप की गर्माहट भी गायब है।

पिछले पांच साल का न्यूनतम तापमान

  1. 20 दिसंबर 2020, 01.0
  2. 20 दिसंबर 2021, 2.2
  3. 15 दिसंबर 2020, 3.2
  4. 19 दिसंबर 2023, 3.9
  5. 14 दिसंबर 2024, 1.4

दिसंबर में ठंड का हाल दिन, न्यूनतम, अधिकतम

  • 04 दिसंबर,6.8, 26.2
  • 05 दिसंबर, 5.9, 26.4
  • 06 दिसंबर, 5.7, 25.6
  • 07 दिसंबर, 4.2, 22.2
  • 08 दिसंबर, 4.6, 24.2
  • 09 दिसंबर, 4.5, 22.4
  • 10 दिसंबर, 4.2, 22.8
  • 11 दिसंबर, 3.1, 23.0
  • 12 दिसंबर, 2.5, 22.4
  • 13 दिसंबर, 2.4, 22.2
  • 14 दिसंबर, 1.4,

इस बार सामान्य दिनों से ज्यादा पाला पड़ रहा है। शनिवार को जिले का न्यूनतम 1.4 डिग्री सेल्सियस रहा। पिछले वर्षाें में इतना ठंडा दिन कभी नहीं रहा है। सतीश कुमार, प्रेक्षक- मौसम वेधशाला, नगीना 

फसलों को ऐसे बचाएं पाले से

  • खेतों में नमी बनाए रखें।
  • खेतों में डेढ़ किलो प्रति बीघा के हिसाब से सल्फर डालें।
  • फसलों को शीतलहर से बचाने को मेढ़ पर झाड़ी लगाएं।
  • नर्सरी को पॉलीथिन से ढक कर रखें।
  • पाला पड़ने की संभावना पर खेतों में अलाव जलाएं।

पिछले रविवार रात बूंदाबांदी हुई थी और हवा की रफ्तार भी बहुत तेज थी। अब पाला परेशान करेगा और सर्दी भी बढ़ रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *