लखनऊ, पी में भाजपा ने लोकसभा चुनाव में 80 में से सभी 80 लोकसभा सीटें जीतने का लक्ष्य तय किया है। पार्टी ने इसकी तैयारियं भी शुरु कर दी हैं। वहीं हाल ही में हुए एमएलसी इलेक्शन में मिली जीत के बाद भाजपा कार्यकर्ता जोश से लबरेज नजर आ रहे हैं। भाजपा के यूपी प्रदेश अध्यक्ष चौधरी भूपेन्द्र सिंह की मानें तो 2024 के लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए पार्टी जल्द ही संगठन में खाली पदों को भरने के लिए आंशिक संगठनात्मक पुनर्गठन से गुजरेगी।
कोई भी पार्टी जिसकी विचारधारा बीजेपी से मिलती हो हम से जुड़ सकता है- भूपेन्द्र सिंह
यूपी बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह चौधरी ने कहा कि पार्टी पूर्व सहयोगी सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के साथ ही ऐसी किसी भी अन्य पार्टी को भी जोड़ सकती है जिसकी विचारधारा बीजेपी से मिलती हो। उन्होंने कहा कि ओमप्रकाश राजभर पूर्वी उत्तर प्रदेश के जिलों में प्रभाव वाले एक मजबूत पिछड़े नेता हैं। सुभासपा ने 2017 का विधानसभा चुनाव भाजपा के साथ लड़ा था लेकिन बाद में वो समाजवादी पार्टी के नेतृत्व वाले गठबंधन में शामिल हो गई। 2022 का विधानसभा चुनाव समाजवादी पार्टी के साथ लड़ा और छह सीटों पर जीत हासिल की, लेकिन बाद में सुभासपा सपा से भी अलग हो गई।
मुझे संगठन में आंशिक पुनर्गठन की अनुमति मिल गई है
भूपेंद्र सिंह ने कहा, ‘मेरी पार्टी ने हाल ही में मुझे प्रदेश अध्यक्ष के रूप में सेवा करने का मौका दिया। संगठन के कुछ सदस्य सरकार में मंत्री बने हैं, इसलिए मैंने नेतृत्व से आंशिक पुनर्गठन का अनुरोध किया है। मुझे अनुमति मिल गई है। जाट समुदाय से ताल्लुक रखने वाले और पिछले साल अगस्त में राज्य इकाई के प्रमुख बनाए गए चौधरी ने कहा कि संगठन में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा, केवल आंशिक संगठनात्मक पुनर्गठन होगा। उन्होंने कहा कि कुछ राज्य मंत्री – शहरी विकास मंत्री अरविंद कुमार शर्मा, परिवहन मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दयाशंकर सिंह और सहकारिता ऋण मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) जेपीस राठौर वर्तमान में पार्टी के पदों पर भी हैं। मंत्री बेबीरानी मौर्य भाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की पदाधिकारी हैं।
हमारा रुख स्पष्ट है, हम सभी का स्वागत करते हैं।
प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि पिछले माह भाजपा की प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में बीजेपी ने उत्तर प्रदेश की सभी 80 लोकसभा सीटें जीतने का लक्ष्य रखा था। भाजपा के फिर से सुभासपा से हाथ मिलाने पर भूपेन्द्र सिंह ने कहा, हमारा रुख स्पष्ट है, हम सभी का स्वागत करते हैं। जो भी हमारी विचारधारा से सहमत होगा और हमारे साथ काम करना चाहेगा, हम उसे साथ लेंगे। उन्होंने कहा राजभर जी हमारे साथ थे और अगर वह हमारी विचारधारा से सहमत हैं, तो पार्टी निश्चित रूप से उन्हें हमारे साथ काम करने का मौका देगी।
